Class 12 Political Science Chapter 16 क्षेत्रीय आकांक्षाएँ और संघर्ष Solutions 2026–27
Class 12 Political Science Chapter 16 क्षेत्रीय आकांक्षाएँ और संघर्ष Solutions 2026–27 कक्षा 12वीं के विद्यार्थियों के लिए सरल, स्पष्ट और परीक्षा-केंद्रित तरीके से तैयार किया गया अध्ययन सामग्री है। इस अध्याय में क्षेत्रीय आकांक्षाओं का अर्थ, भारत में क्षेत्रीय आंदोलनों, पंजाब, जम्मू-कश्मीर और पूर्वोत्तर भारत की राजनीतिक चुनौतियों तथा राष्ट्रीय एकता के साथ क्षेत्रीय मांगों के संबंध जैसे महत्वपूर्ण विषयों को आसान हिंदी में समझाया गया है।
यहां अध्याय से संबंधित महत्वपूर्ण प्रश्न-उत्तर, लघु एवं दीर्घ उत्तरीय प्रश्न और Revision Materials दिए गए हैं, ताकि विद्यार्थी अध्याय को आसानी से समझ सकें और परीक्षा की तैयारी बेहतर तरीके से कर सकें।
📚 यहां क्या-क्या मिलेगा?
- 📖 Chapter 16 के महत्वपूर्ण प्रश्न-उत्तर
- ⭐ परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण प्रश्न
- 📝 लघु और दीर्घ उत्तरीय प्रश्न
- 🗺️ क्षेत्रीय आकांक्षाओं का अर्थ और महत्व
- 🟠 पंजाब संकट और आंदोलन
- 🏔️ जम्मू-कश्मीर से जुड़े राजनीतिक मुद्दे
- 🌄 पूर्वोत्तर भारत की क्षेत्रीय आकांक्षाएँ
- 🤝 क्षेत्रीय दलों और आंदोलनों की भूमिका
- 🇮🇳 राष्ट्रीय एकता और क्षेत्रीय पहचान
- 📚 Quick Revision Materials
- 🎯 2026–27 परीक्षा की तैयारी
🗺️ क्षेत्रीय आकांक्षाएँ और संघर्ष: मुख्य विषय
भारत एक विशाल और विविधतापूर्ण देश है। यहां अलग-अलग क्षेत्रों की अपनी भाषा, संस्कृति, इतिहास और सामाजिक पहचान है। इसलिए कई क्षेत्रों में अपनी विशेष पहचान और अधिक राजनीतिक अधिकारों की मांग उठी। इन मांगों को क्षेत्रीय आकांक्षाओं के रूप में समझा जाता है।
इस अध्याय में पंजाब संकट, जम्मू-कश्मीर की राजनीति, पूर्वोत्तर भारत के आंदोलन, क्षेत्रीय दलों की भूमिका और क्षेत्रीय आकांक्षाओं को लोकतांत्रिक तरीके से समझने और समाधान करने के प्रयासों का अध्ययन किया जाता है।
🎯 परीक्षा की तैयारी को आसान बनाएं
इस अध्याय की तैयारी करते समय अलग-अलग क्षेत्रों की मुख्य मांगों, आंदोलनों के कारण, राजनीतिक घटनाओं और केंद्र सरकार द्वारा किए गए प्रयासों को क्रम से समझना उपयोगी है। क्षेत्रीय पहचान और राष्ट्रीय एकता के बीच संबंध को समझने से विश्लेषणात्मक प्रश्नों के उत्तर बेहतर तरीके से लिखे जा सकते हैं।
Class 12 Political Science Chapter 16 क्षेत्रीय आकांक्षाएँ और संघर्ष Solutions 2026–27 के माध्यम से विद्यार्थी महत्वपूर्ण प्रश्नों का अभ्यास कर सकते हैं और परीक्षा से पहले प्रभावी Revision कर सकते हैं।
🌟 सरल भाषा में तैयार अध्ययन सामग्री
इस अध्याय की सामग्री सरल, स्पष्ट और विद्यार्थियों के लिए आसानी से समझने योग्य भाषा में तैयार की गई है। महत्वपूर्ण घटनाओं, क्षेत्रीय आंदोलनों और परीक्षा के लिए उपयोगी concepts को व्यवस्थित तरीके से प्रस्तुत किया गया है, ताकि विद्यार्थी विषय को आसानी से समझ सकें।
यह सामग्री Class Test, Unit Test, Pre-Board और Class 12 Final Examination 2026–27 की तैयारी के लिए उपयोगी है।
Class 12 Political Science Chapter 16 क्षेत्रीय आकांक्षाएँ और संघर्ष
अध्याय 16: क्षेत्रीय आकांक्षाएँ और संघर्ष (Regional Aspirations and Conflicts)
चयनित प्रश्न-उत्तर (Selected Questions-Answers)
अति लघु उत्तरीय प्रश्न (प्रत्येक के लिए अंक – 1)
(a) ‘असम आंदोलन (Assam Movement)’ कब प्रारंभ हुआ?
उत्तर: 1979 में।
(b) गोवा (Goa) भारत का एक घटक राज्य (constituent state) किस वर्ष बना?
उत्तर: 1987 में।
(c) नागा नेशनल काउंसिल (Naga National Council) के नेता कौन थे?
उत्तरः ए. ज़ेड. फिज़ो (A. Z. Phizo)|
(d) ‘आनंदपुर साहिब प्रस्ताव (Anandpur Sahib Resolution)’ कब अपनाया गया?
उत्तर: 1973 में।
(e) हरि सिंह (Hari Singh) कौन थे?
उत्तरः भारत की स्वतंत्रता (Independence) के समय वे जम्मू और कश्मीर (Jammu and Kashmir) के शासक (ruler) थे।
(1) भारतीय संविधान (Indian Constitution) का कौन-सा अनुच्छेद (Article) जम्मू और कश्मीर (Jammu and Kashmir) का उल्लेख करता है?
उत्तरः अनुच्छेद 370 (Article 370)।
(g) पंजाब (Punjab) के ‘अकाली दल (Akali Dal)’ की स्थापना किस वर्ष हुई थी?
उत्तर: 1920 में।
(h) लालडेंगा (Laldenga) कौन थे?
उत्तर:
लालडेंगा (Laldenga) मिजो नेशनल फ्रंट (Mizo National Front) के संस्थापक थे।
(i) भारतीय संविधान (Indian Constitution) के किस अनुच्छेद (Article) के अंतर्गत जम्मू और कश्मीर (Jammu and Kashmir) को विशेष दर्जा (special status) दिया गया था? H.S. ’16
उत्तरः अनुच्छेद 370 (Article 370) 1
(j) भारत सरकार (Government of India) ने ‘ऑपरेशन ब्लू स्टार (Operation Blue Star)’ कब चलाया था?
उत्तर: 1984 में।
(k) सिक्किम (Sikkim) में पहली विधानसभा (Legislative Assembly) का चुनाव कब हुआ था?
उत्तर: 1974 में।
(1) सिक्किम (Sikkim) भारत (India) में कब शामिल हुआ?
उत्तर: 1975 में।
(m) AASU का पूर्ण रूप (full form) क्या है?
उत्तरः ऑल असम स्टूडेंट्स यूनियन (All Assam Students’ Union) |
(n) नेशनल कॉन्फ्रेंस (National Conference) की स्थापना कब हुई थी?
उत्तर: 1932 में।
(०) ‘तेलुगु देशम (Telugu Desam)’ के संस्थापक अध्यक्ष (founding president) कौन थे?
उत्तरः एन. टी. रामाराव (N. T. Rama Rao)1
(p) नागालैंड (Nagaland) राज्य का गठन किस वर्ष हुआ था?
उत्तर: 1963 में।
टिप्पणी (Note): नागालैंड (Nagaland) आधिकारिक रूप से 1963 में भारत का राज्य बना। 1960 का वर्ष 16-सूत्रीय समझौते (16-Point Agreement) से संबंधित है।
(q) क्षेत्रीयता (regionalism) के उदय का कोई एक कारण बताइए।
उत्तरः आर्थिक असमानता (economic disparity) |
(r) उत्तर-पूर्वी क्षेत्र (North-Eastern region) का पुनर्गठन (reorganization) किस वर्ष पूर्ण हुआ?
उत्तर: 1987 में।
(s) सिक्किम (Sikkim) भारत का राज्य है। (रिक्त स्थान भरें)
उत्तर: 22वाँ।
(t) MNF का पूर्ण रूप क्या है?
उत्तरः मिजो नेशनल फ्रंट (Mizo National Front) 1
(u) MGP का पूर्ण रूप क्या है?
उत्तरः महाराष्ट्रीयवादी गोमांतक पार्टी (Maharashtrawadi Gomantak Party)|
(v) ‘पंजाबी सूबा (Punjabi Suba)’ के गठन के लिए आंदोलन कब शुरू हुआ था?
उत्तर: 1960 में।
(w) ‘पंजाब समझौता (Punjab Accord)’ कब हुआ था?
उत्तर: 1985 में।
(x) इंदिरा गांधी (Indira Gandhi) की हत्या कब हुई थी?
उत्तर: 31 अक्टूबर 1984 को।
(y) 1961 से पहले गोवा (Goa) किसके नियंत्रण (control) में था?
उत्तरः पुर्तगालियों (Portuguese) के अधीन ।
(z) ‘असम समझौता (Assam Accord)’ कब हुआ था? H.S. ’20
उत्तर: 1985 में।
(aa) भारत के किसी राज्य में गठित प्रथम क्षेत्रीय दल (regional party) का नाम बताइए। H.S. ’16
उत्तर: डी.एम.के. (DMK – Dravida Munnetra Kazhagam) |
(ab) NFA का पूर्ण रूप क्या है?
उत्तरः नॉर्थ-ईस्ट फ्रंटियर एजेंसी (North-East Frontier Agency) |
(ac) शिमला समझौता (Shimla Agreement) भारत और भरें) H.S. ’16 के बीच हुआ था। (रिक्त स्थान
उत्तरः पाकिस्तान (Pakistan) |
(ad) पहला गुटनिरपेक्ष शिखर सम्मेलन (Non-Aligned Summit) कहाँ हुआ था? H.S. ’20
उत्तरः बेलग्रेड (Belgrade) में।
(ae) ‘NEDA’ का पूर्ण रूप लिखिए। H.S. ’20
उत्तर: नॉर्थ ईस्ट डेमोक्रेटिक अलायंस (North East Democratic Alliance) |
लघु उत्तरीय प्रश्न (Short Answer Questions): (प्रत्येक के लिए अंक – 2) –
(a) ‘ऑपरेशन ब्लू स्टार (Operation Blue Star)’ क्या है?
उत्तरः ऑपरेशन ब्लू स्टार (Operation Blue Star)’ जून 1984 में भारत सरकार (Government of India) द्वारा चलाया गया एक सैन्य अभियान (military operation) था। यह अभियान अकाली दल (Akali Dal) के कुछ नेताओं द्वारा खालिस्तान (Khalistan) नामक अलग सिख राज्य (separate Sikh state) की मांग के कारण शुरू हुए उग्रवादी आंदोलन (militant movement) के विरुद्ध चलाया गया था। उग्रवादियों ने अमृतसर (Amritsar) के स्वर्ण मंदिर (Golden Temple) में अपना ठिकाना बना लिया था। इस अभियान के दौरान मंदिर को काफी क्षति पहुँची और कई अकाली नेता गिरफ्तार किए गए।
(b) ‘असम समझौता (Assam Accord)’ कब और किनके बीच हुआ था?
उत्तरः असम समझौता (Assam Accord)’ अगस्त 1985 में भारत सरकार (Government of India) और ऑल असम स्टूडेंट्स यूनियन (All Assam Students’ Union) के बीच हुआ था।
(c) असम आंदोलन (Assam Movement) के दो मुख्य कारण बताइए।
उत्तर:
1. विदेशी घुसपैठ (foreign infiltration) |
2. आर्थिक असमानता (economic disparity)|
(d) ‘क्षेत्रीयता (Regionalism)’ से क्या अभिप्राय है?
उत्तरः क्षेत्रीयता (Regionalism) से अभिप्राय उस संकीर्ण क्षेत्रीय भावना (narrow regional sentiment) से है, जिसमें किसी क्षेत्र (region) के लोग राष्ट्रीय हित (national interest) की अपेक्षा अपने क्षेत्रीय हितों (regional interests) को अधिक महत्व देते हैं।
(e) संविधान (Constitution) के अनुच्छेद 370 (Article 370) का महत्व बताइए।
उत्तरः अनुच्छेद 370 (Article 370) के अंतर्गत जम्मू और कश्मीर (Jammu and Kashmir) को विशेष दर्जा (special status) प्रदान किया गया था। इसके अनुसार, इस राज्य को अन्य राज्यों की तुलना में अधिक स्वायत्तता (autonomy) प्राप्त थी। इसका अपना संविधान (Constitution) था और भारतीय संविधान (Indian Constitution) के सभी प्रावधान इस पर लागू नहीं होते थे।
टिप्पणी (Note): अगस्त 2019 में अनुच्छेद 370 (Article 370) को निरस्त (abrogated) कर दिया गया। अब यह विशेष दर्जा प्रभाव में नहीं है।
(f) ‘सात बहनें (Seven Sisters)’ से क्या अभिप्राय है?
उत्तरः ‘सात बहनें (Seven Sisters)’ शब्द का प्रयोग सामूहिक रूप से उत्तर-पूर्व भारत (North-East India) के सात राज्यों-असम (Assam), मणिपुर (Manipur), त्रिपुरा (Tripura), मेघालय (Meghalaya), अरुणाचल प्रदेश (Arunachal Pradesh), मिजोरम (Mizoram) और नागालैंड (Nagaland) के लिए किया जाता है।
(g) भारत के कोई चार क्षेत्रीय राजनीतिक दल (regional political parties) बताइए। H.S. ’15, ’17
उत्तर:
1. असम गण परिषद (Asom Gana Parishad),
2. अकाली दल (Akali Dal),
3. डी.एम. के. (DMK – Dravida Munnetra Kazhagam),
4. तेलुगु देशम पार्टी (Telugu Desam Party)।
(h) भारत में क्षेत्रीय राजनीतिक दलों (regional political parties) के बढ़ते महत्व के दो कारण लिखिए। H.S. ’14, 15, 17, 19
या
भारत में क्षेत्रीयता (regionalism) के उदय के दो कारण लिखिए। H.S. ’13, ’16
उत्तर:
1. क्षेत्रीय आकांक्षाएँ (regional aspirations) |
2. राष्ट्रीय दलों (national parties) द्वारा क्षेत्रीय समस्याओं (regional problems) की उपेक्षा (indifference) |
(i) भारतीय संविधान (Indian Constitution) के कौन-से दो अनुच्छेद (Articles) जम्मू और कश्मीर (Jammu and Kashmir) को अधिक स्वायत्तता (autonomy) प्रदान करते थे? H.S. ’15
उत्तरः अनुच्छेद 370 (Article 370) और अनुच्छेद 371 (Article 371) |
टिप्पणी (Note): अनुच्छेद 371 (Article 371) विशेष रूप से जम्मू और कश्मीर (Jammu and Kashmir) को स्वायत्तता प्रदान नहीं करता; यह अन्य राज्यों के लिए विशेष प्रावधानों से संबंधित है। जम्मू और कश्मीर से संबंधित मुख्य अनुच्छेद 370 (Article 370) था।
(j) उत्तर-पूर्व भारत (North-East India) में क्षेत्रीय आंदोलनों के प्रारम्भ के दो कारण बताइए।
उत्तर: उत्तर-पूर्व भारत (North-East India) में क्षेत्रीय आंदोलनों के प्रारम्भ के दो कारण हैं:
(1) उत्तर-पूर्व भारत (North-East India) की क्षेत्रीय समस्याओं के समाधान में केन्द्रीय सरकार (Central Government) की उपेक्षा।
(2) क्षेत्र की विशिष्ट संस्कृति और सभ्यता (distinct culture and civilization) को संरक्षित रखने की इच्छा।
मध्यम लंबाई के उत्तर वाले प्रश्न (प्रत्येक के अंक – 4)
(a) ‘आनंदपुर साहिब प्रस्ताव’ (‘Anandpur Sahib Resolution’) क्या है? इसके उद्देश्यों की चर्चा कीजिए। H.S. ’17
उत्तर: 11 दिसम्बर 1972 को अकाली दल (Akali Dal) ने राज्य की स्थिति की समीक्षा करने तथा दल की नीतियों और कार्यक्रमों का पुनर्मूल्यांकन करने के लिए 12 सदस्यीय समिति का गठन किया। समीक्षा के पश्चात समिति ने एक प्रस्ताव स्वीकार किया, जिसे आनंदपुर साहिब प्रस्ताव’ (‘Anandpur Sahib Resolution’) कहा गया। इसमें अकाली दल (Akali Dal) की मुख्य नीतियाँ, योजनाएँ और कार्यक्रम सम्मिलित थे। इस प्रस्ताव के सात प्रमुख उद्देश्य थे, जैसे-
(1) चंडीगढ़ (Chandigarh) को केन्द्रशासित प्रदेश (Union Territory) प्रशासन से हटाकर पंजाब (Punjab) को सौंपना।
(2) पंजाबी भाषा बोलने वाले और पंजाबी बहुल क्षेत्रों (Punjabi-speaking and Punjabi-populated areas) का पंजाब (Punjab) में विलय।
(3) वर्तमान संविधान (Constitution) के अंतर्गत केन्द्रीय सरकार (Central Government) की भूमिका को सीमित करना तथा राज्यों को शक्तियों का विकेन्द्रीकरण (decentralization of powers) सुनिश्चित करना।
(4) पंजाब (Punjab) में कमजोर वर्गों के अधिकारों की रक्षा के साथ भूमि सुधार (land reforms) और औद्योगीकरण (industrialization) को बढ़ावा देना।
(5) अखिल भारतीय गुरुद्वारा अधिनियम (All-India Gurdwara Act) का निर्माण।
(6) भारत (India) में पंजाब (Punjab) के बाहर रहने वाले अल्पसंख्यकों (minorities) की सुरक्षा।
(7) सशस्त्र बलों (armed forces) में सिखों (Sikhs) के लिए आरक्षित पदों (reserved positions) की भर्ती नीति की समीक्षा।
(b) राजीव गांधी-लोंगोवाल समझौता (Rajiv Gandhi-Longowal Accord) क्या है? इसके मुख्य प्रावधान लिखिए।
उत्तर: 24 जुलाई 1985 को भारत (India) के तत्कालीन प्रधानमंत्री राजीव गांधी (Rajiv Gandhi) तथा अकाली दल (Akali Dal) के अध्यक्ष हरचंद सिंह लोंगोवाल (Harchand Singh Longowal) के बीच एक समझौता हुआ। इसे राजीव गांधी लोंगोवाल समझौता’ (‘Rajiv Gandhi-Longowal Accord’) या ‘पंजाब समझौता’ (‘Punjab Accord’) कहा जाता है। इसके मुख्य प्रावधान थे-
(1) चंडीगढ़ (Chandigarh) को पंजाब (Punjab) को सौंपा जाएगा।
(2) पंजाब (Punjab) और हरियाणा (Haryana) के बीच सीमा विवाद को सुलझाने के लिए एक आयोग (commission) का गठन किया जाएगा।
(3) रावी-ब्यास (Ravi-Beas) नदी के जल के बंटवारे के लिए एक न्यायाधिकरण (tribunal) स्थापित किया जाएगा।
(4) पंजाब (Punjab) में सशस्त्र बल विशेष अधिकार अधिनियम (Armed Forces Special Powers Act) को हटाया जाएगा।
(5) पंजाब (Punjab) में आतंकवाद (terrorism) से प्रभावित लोगों को बेहतर सुविधाएँ प्रदान की जाएँगी।
(c) क्षेत्रीयता (regionalism) की माँगें भारत (India) में विविधता में एकता’ (unity in diversity) को कैसे प्रतिबिंबित करती हैं? चर्चा कीजिए।
उत्तर: विविधता में एकता (unity in diversity) भारतीय राष्ट्र (Indian nation) की एक प्रमुख विशेषता है। क्षेत्रीयता (regionalism) की माँगें इस विविधता को प्रतिबिंबित करती हैं। उदाहरण के लिए-
(1) क्षेत्रीय आकांक्षाएँ (regional aspirations) लोकतांत्रिक व्यवस्था (democratic system) का हिस्सा हैं। भारत (India) विश्व का सबसे बड़ा लोकतंत्र है, इसलिए एक सशक्त लोकतंत्र को इन आकांक्षाओं का प्रभावी समाधान करना चाहिए।
(2) क्षेत्रीय आकांक्षाओं का समाधान लोकतांत्रिक संवाद (democratic dialogue) और विभिन्न समूहों के बीच आपसी समझ से किया जाना चाहिए। बलपूर्वक दमन (suppression by force) राष्ट्रीय एकता (national integration) को खतरे में डाल सकता है।
(3) क्षेत्रीय आकांक्षाओं की पूर्ति शक्ति के बंटवारे (sharing of power) के माध्यम से की जा सकती है। प्रत्येक क्षेत्र राष्ट्रीय विकास (national development) में विशेष भूमिका निभाता है, इसलिए राज्य और केन्द्र सरकारों में क्षेत्रीय दलों (regional parties) का प्रतिनिधित्व आवश्यक है।
(4) आर्थिक विकास में क्षेत्रीय असंतुलन (regional imbalance) असमानताएँ उत्पन्न कर सकता है, इसलिए केन्द्र (Centre) को संतुलित आर्थिक विकास (balanced economic growth) पर जोर देना चाहिए।
(d) ‘असम गण परिषद’ (‘Asom Gana Parishad’) के गठन के पीछे मुख्य उद्देश्य क्या थे?
उत्तर: 1985 में असम (Assam) में असम गण परिषद’ (‘Asom Gana Parishad’) नामक एक क्षेत्रीय दल का गठन किया गया। इसके मुख्य उद्देश्य थे-
(1) असम (Assam) में विदेशी घुसपैठियों (foreign infiltrators) के प्रवेश को रोकना।
(2) असम (Assam) में रहने वाले विदेशियों (foreigners) की पहचान कर उन्हें बाहर निकालना।
(3) असमिया लोगों (Assamese people) के अस्तित्व की रक्षा करना।
(4) आर्थिक मामलों में असम (Assam) को अन्य राज्यों के समान प्राथमिकता दिलाना।
(5) बेहतर परिवहन सुविधाओं के लिए ब्रह्मपुत्र (Brahmaputra) नदी पर दो नए पुलों का निर्माण।
(6) असम (Assam) में दो केन्द्रीय विश्वविद्यालय (central universities) और एक अखिल भारतीय तकनीकी संस्थान (All-India technical institution) की स्थापना।
(7) एक सांस्कृतिक परिसर (cultural complex) ‘कलाक्षेत्र’ (Kalakshetra) की स्थापना।
(8) बांग्लादेश (Bangladesh) और असम (Assam) के बीच सीमा पर कंटीले तार (barbed wire) की बाड़ लगाना।
(e) कश्मीर समस्या (Kashmir problem) पर एक टिप्पणी लिखिए। H.S. ’17
उत्तर: जब भारत (India) ने ब्रिटिश शासन (British rule) से स्वतंत्रता प्राप्त की, उस समय कश्मीर (Kashmir) एक देशी रियासत (princely state) था। उस समय पाकिस्तान (Pakistan) ने कश्मीर (Kashmir) पर आक्रमण करने का प्रयास किया। अपने राज्य की रक्षा के लिए महाराजा हरि सिंह (Maharaja Hari Singh) ने भारत (India) के साथ विलय-पत्र (Instrument of Accession) पर हस्ताक्षर किए।
तब से भारत (India) और पाकिस्तान (Pakistan) के बीच कश्मीर मुद्दे को लेकर मतभेद और संघर्ष जारी है। समय-समय पर दोनों देशों के बीच युद्ध हुए हैं, जैसे 1971 का युद्ध (1971 war) और 1999 का कारगिल युद्ध (Kargil War)। 1947 में पाकिस्तान (Pakistan) ने कश्मीर (Kashmir) के एक भाग पर कब्जा कर लिया, जिसे अब पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (Pakistan-occupied Kashmir) कहा जाता है।
तब से पाकिस्तान (Pakistan) पर जम्मू-कश्मीर (Jammu and Kashmir) के कुछ हिस्सों में उग्रवादी गतिविधियों (militant activities) को समर्थन देने का आरोप लगाया जाता रहा है। परिणामस्वरूप दोनों देशों के बीच संघर्ष जारी है। भारत (India) ने कई बार शांतिपूर्ण समाधान का प्रयास किया है, किन्तु तनाव बना हुआ है। वर्तमान में जम्मू-कश्मीर (Jammu and Kashmir) का मुद्दा भारत (India) की सबसे महत्वपूर्ण राजनीतिक समस्याओं में से एक है।
(1) नर्मदा बचाओ आंदोलन (Narmada Bachao Andolan) का संक्षेप में वर्णन कीजिए। क्या आप इसे उचित मानते हैं? कारण दीजिए।
उत्तर: 1980 के दशक में मध्य भारत (central India) के नर्मदा घाटी (Narmada Valley) में एक बड़े विकास परियोजना (development project) की शुरुआत की गई, जिसके अंतर्गत नर्मदा नदी (Narmada River) पर कई छोटे और बड़े बांध बनाए जाने थे। इन बांधों के दूरगामी दुष्प्रभावों को देखते हुए स्थानीय लोगों ने ‘नर्मदा बचाओ आंदोलन’ (‘Narmada Bachao Andolan’) शुरू किया।
इस आंदोलन का नेतृत्व मेधा पाटकर (Medha Patkar) ने किया और बाद में बुकर पुरस्कार (Booker Prize) विजेता लेखिका अरुंधति रॉय (Arundhati Roy) भी इसमें शामिल हुईं। यह दावा किया गया कि यह परियोजना मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh), गुजरात (Gujarat) और महाराष्ट्र (Maharashtra) के लोगों के लिए लाभकारी होगी। किन्तु विरोधियों का मत था कि इससे पर्यावरण (environment) और समाज (social life) पर गंभीर दुष्प्रभाव पड़ेंगे।
आंदोलनकारियों ने प्रभावित लोगों के पुनर्वास (rehabilitation) और मुआवजा (compensation) की उचित व्यवस्था की माँग की। उन्होंने जल, भूमि और वन (water, land and forests) जैसे प्राकृतिक संसाधनों (natural resources) पर स्थानीय नियंत्रण की भी माँग की। यह आंदोलन उचित माना जाता है क्योंकि इसका उद्देश्य नर्मदा घाटी (Narmada Valley) के निवासियों को संभावित आपदा और विस्थापन (displacement) से बचाना था।
(g) उत्तर-पूर्व भारत (North-East India) में स्वायत्तता (autonomy) की माँग की चर्चा कीजिए। H.S. ’20
या
उत्तर-पूर्व भारत (North-East India) में पृथकतावादी आंदोलनों (separatist movements) की चर्चा कीजिए। H.S. ’18, 19
उत्तरः भारत (India) की स्वतंत्रता के बाद उत्तर-पूर्व क्षेत्र (North-East region) में स्वायत्तता (autonomy) की माँग उठी। लगभग प्रत्येक राज्य में क्षेत्रीयता (regionalism) के नाम पर आंदोलन हुए, जिनकी मुख्य माँग आत्म-शासन (self-governance) थी।
स्वतंत्रता के समय मणिपुर (Manipur) और त्रिपुरा (Tripura) को छोड़कर अधिकांश राज्य बड़े असम (greater Assam) का हिस्सा थे। विभिन्न जनजातीय समुदायों (tribal communities) पर असमिया भाषा और संस्कृति (Assamese language and culture) थोपने के प्रयासों से असमिया नहीं होने वाले समूहों में असंतोष उत्पन्न हुआ। परिणामस्वरूप कई उत्तर-पूर्वी राज्य अलग-अलग अस्तित्व में आए।
असम आधिकारिक भाषा अधिनियम (Assam Official Language Act) के पारित होने के बाद गारो (Garo), खासी (Khasi) और जैतिया (Jaintia) समुदायों के संयुक्त आंदोलनों से 1972 में मेघालय (Meghalaya) का गठन हुआ। इसी प्रकार विभिन्न आंदोलनों के कारण 1963 में नागालैंड (Nagaland) और 1987 में मिजोरम (Mizoram) का गठन हुआ।
वर्तमान में असम (Assam) में बोडो (Bodos), करबी (Karbis), कोच (Koch), दिमासा (Dimasas) और कोच राजबोंगशी (Koch Rajbongshis) जैसे समूह अलग राज्य की माँग कर रहे हैं।
(h) भारतीय दलीय प्रणाली (Indian party system) में दल-बदल (defection) के बारे में संक्षेप में लिखिए। H.S. ’19
उत्तरः व्यक्तिगत स्वार्थ या अन्य कारणों से अपने मूल राजनीतिक दल (original political party) को छोड़कर किसी अन्य दल में शामिल होना ‘दल-बदल’ (‘defection’) कहलाता है। भारतीय दलीय प्रणाली (Indian party system) में 1967 के बाद से यह एक सामान्य घटना रही है। इसे व्यंग्यात्मक रूप से “आया राम, गया राम” (“Aya Ram, Gaya Ram”) कहा जाता है।
दल-बदल से नेताओं की राजनीतिक छवि (political image) को नुकसान पहुँचता है और कभी-कभी दलों की एकता (unity) भी प्रभावित होती है। यह लोकतंत्र (democracy) के लिए स्वस्थ संकेत नहीं है। इसलिए दल-बदल को रोकने के लिए कानून (laws) बनाए गए हैं।
(i) भारत (India) में साम्प्रदायिकता (communalism) को रोकने के लिए दो सुझाव दीजिए। H.S. ’19
उत्तरः वर्तमान में साम्प्रदायिकता (communalism) भारत (India) में एक सामान्य समस्या बन गई है। यह देश की प्रगति और एकता के लिए गंभीर खतरा है। इसे रोकने के लिए दो सुझाव हैं-
(1) सभी समुदायों (communities) के समान विकास (equal development) पर जोर दिया जाना चाहिए।
(2) साम्प्रदायिकता फैलाने वाले व्यक्तियों और संगठनों (individuals and organizations) पर प्रतिबंध लगाकर उनके विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई (strict legal action) की जानी चाहिए।
निबंधात्मक प्रश्न (Essay Type Questions): (प्रत्येक के अंक-6)
(a) क्षेत्रीय राजनीतिक दलों (regional political parties) के उदय के कारणों की चर्चा कीजिए। H.S. ’20
उत्तरः यद्यपि भारत (India) में कई सशक्त राष्ट्रीय दल (national parties) हैं, फिर भी अनेक क्षेत्रीय दल (regional parties) भी मौजूद हैं। इनके उदय के कई कारण हैं-
(1) केन्द्रीय सरकार की उपेक्षा (Negligence of the Central Government): केन्द्रीय सरकार (Central Government) सभी राज्यों के प्रति समान रूप से सहानुभूतिपूर्ण नहीं होती। परिणामस्वरूप उपेक्षित राज्य अपने अधिकारों की पूर्ति के लिए क्षेत्रीय दलों का गठन करते हैं।
(2) धार्मिक कारण (Religious causes): कभी-कभी धर्म (religion) के आधार पर भी क्षेत्रीय दल बनते हैं, जहाँ एक ही धर्म के लोग अपनी पहचान की रक्षा के लिए एकजुट होते हैं।
(3) भाषा (Language): भारत (India) बहुभाषी देश है। किसी एक भाषा को थोपे जाने पर लोग अपनी भाषाई पहचान (linguistic identity) की रक्षा के लिए क्षेत्रीय दल बनाते हैं। उदाहरण के लिए, हिन्दी (Hindi) के विरोध के कारण तमिलनाडु (Tamil Nadu) में द्रविड़ मुनेत्र कषगम (DMK) का उदय हुआ।
(4) नेताओं की राजनीतिक महत्वाकांक्षा (Political ambition of leaders): कुछ नेता राष्ट्रीय दलों में महत्वपूर्ण पद प्राप्त न कर पाने पर अपनी महत्वाकांक्षा पूरी करने के लिए क्षेत्रीय दल बना लेते हैं।
(5) समस्याओं के समाधान में विलंब (Delay in solving problems): जब केन्द्रीय सरकार (Central Government) क्षेत्रीय समस्याओं को हल करने में विलंब करती है, तब क्षेत्रीय दलों का गठन होता है।
(6) भौगोलिक विविधता (Geographical diversity): भौगोलिक भिन्नताओं के कारण लोग अपनी विशिष्ट संस्कृति और परंपरा की रक्षा के लिए क्षेत्रीय दल बनाते हैं। उदाहरण के लिए, असम (Assam) के गारो हिल्स (Garo Hills), खासी हिल्स (Khasi Hills), नागा हिल्स (Naga Hills) और जैतिया हिल्स (Jaintia Hills) में क्षेत्रीय दलों का गठन हुआ।
(b) क्षेत्रीयता (regionalism) की समस्या के समाधान के उपाय सुझाइए।
उत्तरः क्षेत्रीयता (regionalism) भारत (India) की एकता के लिए एक प्रमुख चुनौती है। इसके समाधान के लिए निम्नलिखित उपाय किए जा सकते हैं
(1) ऐसी उचित आर्थिक नीतियाँ (economic policies) बनाई जानी चाहिए जिससे क्षेत्रीयता चरम स्तर तक न पहुँचे और राष्ट्रीय एकता (national unity) को खतरा न हो।
(2) पूरे देश के संतुलित विकास (balanced development) पर जोर दिया जाए तथा उद्योगों का विकेन्द्रीकरण (decentralization) किया जाए।
(3) केन्द्रीय सरकार (Central Government) को सीमावर्ती क्षेत्रों (border areas) के प्रति उपेक्षापूर्ण और दमनकारी नीतियों (repressive policies) को त्यागना चाहिए।
(4) सरकार और राजनीतिक दलों (political parties) को क्षेत्रीय समस्याओं के समाधान में तत्परता दिखानी चाहिए।
(5) विविधता (diversity) को समाप्त करने के बजाय इसे राष्ट्रीय धरोहर (national heritage) के रूप में स्वीकार कर ‘विविधता में एकता’ (unity in diversity) को सुदृढ़ करना चाहिए।
(6) शक्तियों के विकेन्द्रीकरण (decentralization of powers) के माध्यम से राज्यों को अधिक स्वायत्तता (greater autonomy) प्रदान की जानी चाहिए। 000
