Class 12 Political Science Chapter 10 एक-दलीय प्रभुत्व का युग Solutions 2026–27
Class 12 Political Science Chapter 10 एक-दलीय प्रभुत्व का युग Solutions 2026–27 कक्षा 12वीं के विद्यार्थियों के लिए सरल, स्पष्ट और परीक्षा-केंद्रित तरीके से तैयार किया गया अध्ययन सामग्री है। इस अध्याय में स्वतंत्रता के बाद भारत में लोकतंत्र की शुरुआत, पहले आम चुनाव, कांग्रेस पार्टी का प्रभुत्व, विपक्षी दलों की भूमिका और एक-दलीय प्रभुत्व के कारण जैसे महत्वपूर्ण विषयों को आसान हिंदी में समझाया गया है।
यहां अध्याय से संबंधित महत्वपूर्ण प्रश्न-उत्तर, लघु एवं दीर्घ उत्तरीय प्रश्न और Revision Materials दिए गए हैं, ताकि विद्यार्थी विषय को आसानी से समझ सकें और परीक्षा की तैयारी बेहतर तरीके से कर सकें।
📚 यहां क्या-क्या मिलेगा?
- 📖 Chapter 10 के महत्वपूर्ण प्रश्न-उत्तर
- ⭐ परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण प्रश्न
- 📝 लघु और दीर्घ उत्तरीय प्रश्न
- 🇮🇳 स्वतंत्रता के बाद भारतीय राजनीति
- 🗳️ भारत के पहले आम चुनाव
- 🏛️ कांग्रेस पार्टी का प्रभुत्व
- 🤝 विपक्षी दलों की भूमिका
- 📊 एक-दलीय प्रभुत्व के कारण
- 👥 प्रमुख राजनीतिक नेताओं से जुड़े प्रश्न
- 📚 Quick Revision Materials
- 🎯 2026–27 परीक्षा की तैयारी
🇮🇳 एक-दलीय प्रभुत्व का युग: मुख्य विषय
स्वतंत्रता प्राप्ति के बाद भारत ने लोकतांत्रिक व्यवस्था को अपनाया और 1951–52 में देश में पहला आम चुनाव आयोजित किया गया। शुरुआती वर्षों में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस को लगातार व्यापक जनसमर्थन मिला और भारतीय राजनीति में उसका प्रमुख स्थान बना रहा।
इस अध्याय में पहले आम चुनाव की चुनौतियां, कांग्रेस का प्रभुत्व, कांग्रेस के प्रभुत्व के कारण, विपक्षी दलों का विकास और लोकतांत्रिक राजनीति में उनकी भूमिका जैसे महत्वपूर्ण विषयों का अध्ययन किया जाता है।
🎯 परीक्षा की तैयारी को आसान बनाएं
इस अध्याय की तैयारी करते समय पहले आम चुनाव की विशेषताओं और कांग्रेस के प्रभुत्व के कारणों को अच्छी तरह समझना महत्वपूर्ण है। साथ ही, स्वतंत्र भारत में विपक्षी दलों की भूमिका और लोकतांत्रिक व्यवस्था के विकास को समझने से लंबे उत्तरों को बेहतर तरीके से तैयार किया जा सकता है।
Class 12 Political Science Chapter 10 एक-दलीय प्रभुत्व का युग Solutions 2026–27 के माध्यम से विद्यार्थी अध्याय के महत्वपूर्ण प्रश्नों का अभ्यास कर सकते हैं और परीक्षा से पहले प्रभावी Revision कर सकते हैं।
🌟 सरल भाषा में तैयार अध्ययन सामग्री
इस अध्याय की सामग्री सरल, स्पष्ट और विद्यार्थियों के लिए आसानी से समझने योग्य भाषा में तैयार की गई है। अध्याय के मुख्य concepts, महत्वपूर्ण घटनाओं और परीक्षा के लिए उपयोगी topics को व्यवस्थित तरीके से प्रस्तुत किया गया है।
यह सामग्री Class Test, Unit Test, Pre-Board और Class 12 Final Examination 2026–27 की तैयारी के लिए उपयोगी है।
खंड – ख (Part B) स्वतंत्रोत्तर भारत की राजनीति (Post Independent Indian Politics) (अंक: 50)
Class 12 Political Science Chapter 10 एक-दलीय प्रभुत्व का युग
चयनित प्रश्न-उत्तर (Selected Question-Answers)
अति लघु उत्तरीय प्रश्न (अंक- 1 प्रत्येक):
(क) भारत में पहला आम चुनाव (General Election) किस वर्ष हुआ था?
उत्तर: 1952 में।
(ख) भारत के प्रथम मुख्य निर्वाचन आयुक्त (Chief Election Commissioner) कौन थे?
उत्तरः सुकुमार सेन (Sukumar Sen) ।
(ग) कौन-से भारतीय मुख्य निर्वाचन आयुक्त (Chief Election Commissioner) नेपाल (Nepal) और सूडान (Sudan) के भी मुख्य निर्वाचन आयुक्त रहे थे?
उत्तरः सुकुमार सेन (Sukumar Sen)।
नोटः सूडान (Sudan) के संबंध में यह जानकारी पूर्णतः सही नहीं है। सुकुमार सेन (Sukumar Sen) ने सूडान में चुनाव कराने में सहायता की थी, परंतु वे औपचारिक रूप से वहाँ के मुख्य निर्वाचन आयुक्त (Chief Election Commissioner) नहीं थे।
(घ) भारत के प्रथम आम चुनाव (First General Election) में कितनी पार्टियों ने भाग लिया था?
उत्तर: 14 राष्ट्रीय दल (national parties) और 50 से अधिक राज्य-स्तरीय दल (state-level parties) ।
(ङ) भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (Indian National Congress) की स्थापना कब हुई थी? H.S. 113
उत्तर: 1885 में।
(च) कांग्रेस पार्टी (Congress Party) के संस्थापक कौन थे? H.S. ’13
उत्तरः एक अंग्रेज अधिकारी एलन ऑक्टेवियन ह्यूम (Allan Octavian Hume)|
(छ) स्वतंत्र भारत (Independent India) के प्रथम प्रधानमंत्री (Prime Minister) कौन थे?
उत्तर: जवाहरलाल नेहरू (Jawaharlal Nehru) |
(ज) भारत की संविधान सभा (Constituent Assembly) की प्रारूप समिति (Drafting Committee) के अध्यक्ष कौन थे?
उत्तरः डॉ. भीमराव रामजी आंबेडकर (Dr. B. R. Ambedkar) |
(झ) भारत का संविधान (Constitution of India) कब से लागू हुआ?
उत्तर: 26 जनवरी 1950 से।
(ञ) भारत के प्रथम आम चुनाव (First General Election) में लोकसभा (Lok Sabha) की कितनी सीटों के लिए चुनाव हुआ था?
उत्तर: 489 सीटें।
(ट) भारत के प्रथम आम चुनाव (First General Election) में कांग्रेस (Congress) ने कितनी सीटें जीती थीं?
उत्तर: 364 सीटें।
(ठ) भारत के प्रथम आम चुनाव (First General Election) में दूसरे स्थान पर कौन-सी पार्टी रही थी?
या
प्रथम लोकसभा (Lok Sabha) चुनाव में दूसरी सबसे अधिक सीटें किस पार्टी ने प्राप्त की थीं?
उत्तरः भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (Communist Party of India) – 16 सीटें।
(ड) भारत के प्रथम आम चुनाव (First General Election) में कांग्रेस (Congress) को कितने प्रतिशत मत प्राप्त हुए थे?
उत्तर: 45 प्रतिशत ।
(ढ) भारत का कौन-सा आम चुनाव (General Election) विश्व के लोकतांत्रिक इतिहास (democratic history) में ‘मील का पत्थर’ (milestone) माना जाता है?
उत्तर: 1952 का प्रथम आम चुनाव (First General Election) |
(ण) भारत के किस आम चुनाव (General Election) को एक समाचार-पत्र संपादक (newspaper editor) ने ‘इतिहास का सबसे बड़ा जुआ’ (largest gamble in history) कहा था?
उत्तर: 1952 का प्रथम आम चुनाव (First General Election) |
(त) भारत का दूसरा आम चुनाव (Second General Election) किस वर्ष हुआ था?
उत्तर: 1957 में।
(थ) भारत विश्व का सबसे बड़ा ______राज्य है। (रिक्त स्थान भरिए।)
उत्तरः लोकतांत्रिक (Democratic) |
(द) किस राज्य में कांग्रेस पार्टी (Congress Party) को पहली बार चुनावी हार का सामना करना पड़ा?
उत्तर: केरल (Kerala) में, 1957 के चुनाव में।
(ध) भारत में किस चुनाव (Election) को ‘राजनीतिक भूकंप’ (political earthquake) कहा जाता है?
उत्तर: 1967 का आम चुनाव (General Election) |
(न) असम (Assam) में जनता पार्टी (Janata Party) ने पहली बार सरकार किस वर्ष बनाई थी?
उत्तर: 1977 में।
(प) असम गण परिषद (Asom Gana Parishad) ने असम (Assam) में पूर्ण बहुमत (absolute majority) के साथ सरकार किस वर्ष बनाई थी?
उत्तर: 1985 में।
(फ) समाजवादी पार्टी (Socialist Party) का गठन कब हुआ था?
उत्तर: 1948 में।
(ब) भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (Communist Party of India – CPI) का गठन कब हुआ था?
उत्तर: 1924 में।
(भ) सत्य या असत्य लिखिए: 1952 के आम चुनाव (General Election) में 14 राष्ट्रीय दलों ने भाग लिया था। H.S. ’13
उत्तर: सत्य (True) |
(म) भारतीय जनसंघ (Bharatiya Jana Sangh) की स्थापना किस वर्ष हुई थी? H.S. 114
उत्तर: 1951 में।
(य) बोल्शेविक क्रांति (Bolshevik Revolution) किस देश में हुई थी?
उत्तरः सोवियत रूस (Soviet Russia) में।
(र) भारतीय जनसंघ (Bharatiya Jana Sangh) के संस्थापक अध्यक्ष कौन थे? H.S. ’14
उत्तरः श्यामा प्रसाद मुखर्जी (Syama Prasad Mookerjee)1
(ल) क्या 1967 के आम चुनाव (General Election) ने भारत के चुनावी और राजनीतिक इतिहास (electoral and political history) में परिवर्तन लाया? H.S. ’18
उत्तरः सत्य (True) |
(व) केंद्र (Centre) में गठबंधन सरकारों (coalition governments) का युग किस वर्ष से प्रारम्भ हुआ? H.S. ’17
उत्तर: 1977 से।
(श) 1952 के आम चुनाव (General Election) में लोकसभा (Lok Sabha) और (President/State Legislative Assembly/Prime Minister/Rajya Sabha) के चुनाव एक साथ हुए थे।
उत्तरः राज्य विधान सभा (State Legislative Assembly)| H.S. ’17
(ष) UPA (UPA) का पूर्ण रूप क्या है? H.S. ’13
उत्तर: यूनाइटेड प्रोग्रेसिव अलायंस (United Progressive Alliance)|
लघु उत्तरीय प्रश्न (अंक – 2 प्रत्येक)
(क) भारतीय जनसंघ (Bharatiya Jana Sangh) की नीति क्या है?
उत्तरः “एक राष्ट्र, एक संस्कृति, एक जन” (One Nation, One Culture, One People) भारतीय जनसंघ (Bharatiya Jana Sangh) की नीति है।
(ख) भारतीय जनसंघ (Bharatiya Jana Sangh) की जड़ें कहाँ निहित हैं?
उत्तरः भारतीय जनसंघ (Bharatiya Jana Sangh) की जड़ें राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (Rashtriya Swayamsevak Sangh) और हिंदू महासभा (Hindu Mahasabha) में निहित हैं।
(ग) यूनाइटेड प्रोग्रेसिव अलायंस (United Progressive Alliance) ने भारत में सरकार कब बनाई?
उत्तर: 2004 में, कांग्रेस (Congress) नेता मनमोहन सिंह (Manmohan Singh) के नेतृत्व में।
(घ) भारतीय राजनीति में किस काल को कांग्रेस प्रभुत्व (Congress dominance) का युग कहा जाता है?
उत्तर: 1952 के आम चुनाव (General Election) से 1977 तक।
(ङ) भारतीय चुनावों (Indian elections) के मतपत्र (ballot paper) में कौन-सी दो बातें शामिल होती हैं?
उत्तरः उम्मीदवार (candidate) का नाम और चुनाव चिह्न (election symbol)|
(च) 1952 के भारत के आम चुनाव (General Election) को ‘मील का पत्थर’ (milestone) क्यों कहा जाता है?
उत्तर: 1952 के चुनाव ने यह सिद्ध किया कि गरीबी (poverty) और अशिक्षा (illiteracy) लोकतांत्रिक चुनावों (democratic elections) में बाधा नहीं हैं। इसने यह भी प्रदर्शित किया कि लोकतंत्र (democracy) को विश्व के किसी भी देश में सफलतापूर्वक लागू किया जा सकता है। इसलिए इसे विश्व के लोकतांत्रिक इतिहास (democratic history) में मील का पत्थर माना जाता है।
(छ) ऐसे दो देशों के नाम बताइए जहाँ संविधान (Constitution) केवल एक-दलीय शासन (one-party rule) की अनुमति देता है।
उत्तर: चीन (China) और सीरिया (Syria)।
(ज) यह क्यों कहा जाता है कि कांग्रेस पार्टी (Congress Party) में ‘वैचारिक एकता’ (ideological cohesion) थी?
उत्तरः भारत में विभिन्न वर्गों (classes) के अपने-अपने विचार (beliefs) और विचारधाराएँ (ideologies) होने के बावजूद, समाज के विभिन्न वर्गों के लोगों ने कांग्रेस (Congress) को अपनी पार्टी के रूप में स्वीकार किया। इस दृष्टिकोण से कांग्रेस में वैचारिक एकता (ideological cohesion) पाई जाती थी।
(झ) भारतीय संविधान (Indian Constitution) के प्रारूप (draft) पर किस तिथि को हस्ताक्षर किए गए और यह कब से लागू हुआ?
उत्तरः भारतीय संविधान (Indian Constitution) के प्रारूप पर 26 नवंबर 1949 को हस्ताक्षर किए गए और यह 26 जनवरी 1950 से लागू हुआ।
(ञ) भारतीय जनसंघ (Bharatiya Jana Sangh) की कोई दो विचारधाराएँ (ideologies) बताइए। उत्तर:
(1) एक राष्ट्र, एक संस्कृति, एक जन (One Nation, One Culture, One People) 1
(2) भारत में भारतीय हिंदू संस्कृति (Indian Hindu culture) का प्रसार करना।
मध्यम लंबाई के उत्तरीय प्रश्न (अंक 4 प्रत्येक):
(क) इस कथन की व्याख्या कीजिए: ‘भारत में विपक्ष (opposition) एक विभाजित घर है।’ H.S. 20
उत्तरः भारतीय दल-प्रणाली (party system) की एक महत्वपूर्ण विशेषता एक सशक्त और एकजुट विपक्ष (strong and united opposition) का अभाव रहा है। विपक्षी दलों (opposition parties) के बीच एकता (unity) और समन्वय (cohesion) की कमी रही है। वे एक संयुक्त मंच (united platform) बनाने में असफल रहे हैं। संकीर्ण हितों (narrow interests) और उद्देश्यों (objectives) में भिन्नता के कारण उनके बीच अक्सर मतभेद उत्पन्न होते हैं। इन भिन्नताओं के कारण वे केंद्र (Centre) और राज्यों (states) दोनों स्तरों पर एक मजबूत विपक्ष की भूमिका निभाने में असफल रहे हैं।
(ख) राष्ट्रीय स्तर पर कांग्रेस पार्टी (Congress Party) के प्रभुत्व (dominance) के कारणों की चर्चा कीजिए। H.S. ’18
उत्तरः राष्ट्रीय स्तर पर कांग्रेस पार्टी (Congress Party) के प्रभुत्व के कारण निम्नलिखित हैं:
(1) स्वतंत्रता (independence) के बाद स्वतंत्रता आंदोलन (freedom movement) के प्रमुख नेता चुनावों में उतरे। उनमें से अधिकांश कांग्रेस (Congress) से जुड़े थे और पूरे देश में लोकप्रिय थे, जिससे उन्हें आसानी से विजय प्राप्त हुई।
(2) कांग्रेस (Congress) एक पुरानी और सुव्यवस्थित पार्टी (well-organised party) थी, जिससे उसे स्वतंत्रता-उपरांत चुनावों में पूरे देश में सफलता मिली।
(3) स्वतंत्रता आंदोलन (freedom movement) के दौरान कांग्रेस (Congress) ने गाँवों (villages), कस्बों (towns) और शहरों (cities) में अपना संगठनात्मक आधार (organisational base) मजबूत किया, जिससे उसे चुनावी सफलता मिली।
(4) स्वतंत्रता आंदोलन (freedom movement) के नेताओं का व्यक्तित्व (personality) और स्वच्छ छवि (clean image) भी प्रारंभिक चुनावों में विजय प्राप्त करने में सहायक रही।
निबंधात्मक प्रश्न (अंक – 6 प्रत्येक)
(क) भारत में दल-प्रणाली (party system) की विशेषताओं की चर्चा कीजिए।
उत्तरः भारतीय दल-प्रणाली (party system) की प्रमुख विशेषताएँ निम्नलिखित हैं:
(1) पहली विशेषता बहुदलीय प्रणाली (multi-party system) है। विभिन्न उद्देश्यों वाले अनेक दल अस्तित्व में हैं, और जो दल बहुमत (majority) प्राप्त करता है, वही सरकार बनाता है।
(2) दूसरी विशेषता यह है कि अनेक दल जाति (caste) और समुदाय (community) के आधार पर गठित होते हैं। कांग्रेस (Congress) को छोड़कर अधिकांश दल सामुदायिक (communal) विशेषताओं को प्रदर्शित करते हैं। उदाहरण के लिए, भारतीय जनता पार्टी (Bharatiya Janata Party) हिंदुत्व (Hindutva) विचारधारा से जुड़ी है।
(3) तीसरी विशेषता दलों में व्यक्तियों (individuals) का प्रभुत्व है। अक्सर दल स्पष्ट वैचारिक (ideological) या कार्यक्रमगत (programmatic) लक्ष्यों के बजाय प्रभावशाली नेताओं (leaders) के इर्द-गिर्द बनते हैं। उदाहरण के लिए, कांग्रेस (Congress) पर परिवारवाद (family-centric) का आरोप लगाया जाता है।
(4) चौथी विशेषता वैचारिक अस्पष्टता (ideological ambiguity) है। वामपंथी दलों (Left parties) को छोड़कर अधिकांश भारतीय राजनीतिक दलों (political parties) में स्पष्ट विचारधारा का अभाव है। यद्यपि कई दल गांधीवाद (Gandhism), समाजवाद (socialism) और धर्मनिरपेक्षता (secularism) की बात करते हैं, परंतु इन आदर्शों के प्रति उनकी प्रतिबद्धता (commitment) पर अक्सर प्रश्न उठते हैं।
(5) पाँचवीं विशेषता संगठनात्मक कमजोरी (organisational weakness) है। वामपंथी दलों (Left parties) और भारतीय जनता पार्टी (Bharatiya Janata Party) के पास कुछ संगठनात्मक आधार है, जबकि अन्य कई दलों में स्पष्ट संगठन (organisation) और अनुशासन (discipline) का अभाव है।
(6) छठी विशेषता बार-बार दल-बदल (defection) है। अनेक नेता अपने व्यक्तिगत हितों (personal interests) की रक्षा के लिए एक दल छोड़कर दूसरे दल में शामिल हो जाते हैं।
(ख) भारत में वामपंथी दलों (Left parties) की नीतियों और कार्यक्रमों का वर्णन कीजिए।
उत्तरः भारत में प्रमुख वामपंथी दल (Left parties) हैं- भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (Communist Party of India), भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) (Communist Party of India – Marxist) तथा समाजवादी पार्टी (Socialist Party)। उनकी प्रमुख नीतियाँ और कार्यक्रम निम्नलिखित हैं:
प्रथम, वे मार्क्सवादी-लेनिनवादी विचारधारा (Marxist-Leninist ideology) में विश्वास रखते हैं। उनका मुख्य उद्देश्य पूँजीवाद (capitalism), सामंतवाद (feudalism) और साम्राज्यवाद (imperialism) को समाप्त कर श्रमिक वर्ग (working class) की तानाशाही (dictatorship) स्थापित करना है।
द्वितीय, वे निजी संपत्ति (private property) के उन्मूलन का समर्थन करते हैं। उनके अनुसार सभी संपत्तियों का स्वामित्व राज्य (state) के पास होना चाहिए और लोगों को उनकी आवश्यकताओं (needs) के अनुसार प्राप्त होना चाहिए।
तृतीय, वे कार्य के अधिकार (right to work) को मौलिक अधिकार (fundamental right) के रूप में मान्यता देने का समर्थन करते हैं।
चतुर्थ, वे साम्प्रदायिकता (communalism), उग्रवाद (extremism), आक्रामक राष्ट्रवाद (aggressive nationalism) और पृथकतावाद (separatism) का कड़ा विरोध करते हैं।
पंचम, वे सैन्य क्षेत्र (military sector) में व्यय (expenditure) को कम करने के पक्षधर हैं।
षष्ठ, विदेश नीति (foreign policy) के संदर्भ में वे साम्राज्यवाद (imperialism) का विरोध करते हैं और अन्य देशों (countries) के साथ मैत्रीपूर्ण संबंध (friendly relations) स्थापित करने पर बल देते हैं।
(ग) भारत के प्रथम तीन आम चुनावों (General Elections) में कांग्रेस (Congress) के प्रभुत्व (dominance) का विश्लेषण कीजिए। H.S. ’12, ’15
उत्तरः स्वतंत्र भारत (independent India) के प्रथम तीन आम चुनावों (General Elections) में कांग्रेस (Congress) ने अपना प्रभुत्व स्थापित किया।
प्रथम आम चुनाव (First General Election) 1952 में हुआ। 489 लोकसभा (Lok Sabha) सीटों में से कांग्रेस (Congress) ने 364 सीटें जीतीं और कुल मतों (votes) का 45 प्रतिशत प्राप्त किया। इसके अतिरिक्त, अधिकांश राज्य विधान सभाओं (State Legislative Assemblies) में भी उसे भारी सफलता मिली।
द्वितीय आम चुनाव (Second General Election) 1957 में हुआ। कांग्रेस (Congress) ने लगभग तीन-चौथाई सीटें जीतीं और केंद्र (Centre) में सरकार बनाई। हालांकि, केरल (Kerala) में भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (Communist Party of India) के नेतृत्व में एक गठबंधन सरकार (coalition government) बनी।
तृतीय आम चुनाव (Third General Election) 1962 में हुआ। 494 सीटों में से कांग्रेस (Congress) ने 361 सीटें जीतीं और स्पष्ट बहुमत (clear majority) के साथ सरकार बनाई।
इस प्रकार, पहले तीन चुनावों में कांग्रेस (Congress) ने पूर्ण बहुमत (absolute majority) के साथ सरकारें बनाईं और एक-दलीय प्रभुत्व (one-party dominance) स्थापित किया।
(घ) भारत में विपक्ष (opposition) की भूमिका का संक्षेप में वर्णन कीजिए। H.S. ’14
उत्तरः भारत विश्व के सबसे बड़े लोकतांत्रिक देशों (democratic countries) में से एक है, जहाँ बहुदलीय प्रणाली (multi-party system) विद्यमान है। विपक्ष (opposition) की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है:
(1) विपक्षी दल (opposition parties) सरकार (government) की रचनात्मक आलोचना (constructive criticism) करते हैं और उसे सही दिशा में बनाए रखते हैं।
(2) वे सरकारी नीतियों (government policies) की समालोचनात्मक समीक्षा (critical examination) करके जनहित (public interest) की रक्षा करते हैं तथा शासन (governance) को प्रगतिशील बनाते हैं।
(3) वे कुप्रशासन (maladministration) और भ्रष्टाचार (corruption) को उजागर करते हैं, जिससे प्रशासनिक उत्तरदायित्व (administrative accountability) सुनिश्चित होता है।
(4) वे सरकार की कमियों (shortcomings) के विरुद्ध जनमत (public opinion) को संगठित करते हैं।
(5) वे देश में लोकतांत्रिक आदर्शों (democratic ideals) को बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
